
रायगढ़ पुलिस ने रहस्यमयी पुतला प्रकरण की जांच शुरू की
रायगढ़, 17 अक्टूबर 2025। शहर में बीते दिनों घटित दो अजीबोगरीब और सनसनीखेज घटनाओं ने लोगों में भय और जिज्ञासा दोनों बढ़ा दिए हैं। कोतरा रोड क्षेत्र में सड़क पर रखे गए कटी सिर वाले पुतले और उसके पास मिले नारियल व लाल रंग के निशानों ने तंत्र-मंत्र की चर्चा को हवा दी। वहीं, कुछ दिन पहले पूंजीपथरा क्षेत्र में भी इसी तरह की घटना सामने आई थी, जहाँ मिट्टी से बने मानव रूपी पुतले को कपास और कफन में लपेटकर अर्थी के रूप में रखा गया था।

दोनों ही घटनाओं में कोई प्रत्यक्ष गवाह नहीं मिला है, जिससे यह रहस्य और गहराता जा रहा है।
घटनाक्रम —
16 अक्टूबर की रात कोतरा रोड स्थित दशरथ पान ठेला के पास सड़क के बीचोंबीच इंसानी पुतले का कटा सिर रखे होने की सूचना पुलिस को मिली। सिर के आसपास लाल रंग के धब्बे और पास रखा नारियल देखकर लोगों ने तत्काल इसकी जानकारी पुलिस को दी।
घटना की तस्वीरें और वीडियो कुछ ही समय में सोशल मीडिया पर वायरल हो गए, जिससे शहरभर में दहशत और चर्चाओं का माहौल बन गया।
इसी तरह की घटना पूंजीपथरा में भी —
कुछ दिन पहले पूंजीपथरा थाना क्षेत्र में ग्रामीणों ने झाड़ियों के बीच मिट्टी से बना मानव पुतला देखा था, जिसे कपास और कफन जैसी सफेद कपड़े में लपेटकर रखा गया था। पुलिस जांच में किसी तांत्रिक या धार्मिक गतिविधि के प्रमाण नहीं मिले।

पुलिस की कार्रवाई —
कोतरारोड़ थाना प्रभारी ने बताया कि घटनास्थल से पुतला और नारियल जब्त कर लिया गया है।
आसपास लगे CCTV कैमरों के फुटेज की जांच की जा रही है ताकि रात के दौरान वहां कौन आया था, इसका पता लगाया जा सके।
वहीं पूंजीपथरा पुलिस भी पूर्व घटना के वीडियो और फोटो का परीक्षण कर रही है।
“फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि ये कृत्य तंत्र-मंत्र से जुड़े हैं या किसी सोशल मीडिया ट्रेंड का हिस्सा।
पुलिस सभी एंगल से जांच कर रही है।”
— थाना प्रभारी, कोतरारोड़
स्थानीय स्थिति —
घटनाओं के बाद क्षेत्र में भय और अंधविश्वास का माहौल बना हुआ है। कुछ लोग इसे तांत्रिक गतिविधि मान रहे हैं, तो कुछ इसे सोशल मीडिया पर वायरल होने के लिए की गई शरारत बता रहे हैं।
विशेषज्ञों की राय —
मनोवैज्ञानिकों का मानना है कि इस तरह की हरकतें समाज में भ्रम और डर का वातावरण पैदा करती हैं। पुलिस को ऐसे मामलों में सख्ती बरतनी चाहिए ताकि कोई भी व्यक्ति धार्मिक या तांत्रिक प्रतीकों का दुरुपयोग कर अफवाहें न फैला सके।
संभावना ‘रील ट्रेंड’ की भी
देश के विभिन्न हिस्सों में इस तरह की घटनाएँ सोशल मीडिया पर “रील ट्रेंड” के रूप में सामने आ चुकी हैं। पुतले, नकली शव और “काला जादू” जैसे दृश्य बनाकर वीडियो बनाए जा रहे हैं, जो वायरल होने के बाद क्षेत्र में अफवाह और डर फैलाते हैं। रायगढ़ में भी इसी तरह की प्रवृत्ति की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता।
रायगढ़ पुलिस की अपील —
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर विश्वास न करें और संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें।
“कानून व्यवस्था बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है।
किसी भी शरारती तत्व को सामाजिक माहौल बिगाड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी।”
— रायगढ़ पुलिस अधीक्षक



